मौसम का डबल अटैक! कहीं बारिश-आंधी तो कहीं 42°C की तपिश, छत्तीसगढ़ के 12 जिलों में यलो अलर्ट
छत्तीसगढ़ में मानसून की दस्तक से पहले मौसम ने अचानक करवट ले ली है। प्रदेश के एक हिस्से में बारिश, तेज हवाएं और बादलों की आवाजाही देखने को मिल रही है, तो दूसरे हिस्से में भीषण गर्मी और उमस लोगों को बेहाल कर रही है। मौसम के इस दोहरे मिजाज ने आम जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है।
मंगलवार को राजधानी रायपुर के कई इलाकों में अंधड़ के साथ हल्की बारिश और बूंदाबांदी हुई। हालांकि बारिश के बाद निकली तेज धूप ने राहत देने के बजाय उमस को और बढ़ा दिया। वहीं बिलासपुर प्रदेश का सबसे गर्म शहर दर्ज किया गया, जहां अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
अगले पांच दिन ऐसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग के अनुसार छत्तीसगढ़ में प्री-मानसून गतिविधियां लगातार सक्रिय बनी हुई हैं। इसके चलते अगले पांच दिनों तक प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना बनी रहेगी।
विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिनों तक कुछ स्थानों पर वज्रपात के साथ बारिश हो सकती है। साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी आशंका है। उत्तरी छत्तीसगढ़ में तापमान में करीब दो डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि दक्षिणी क्षेत्रों में बारिश का प्रभाव अधिक दिखाई दे रहा है।
इन जिलों में जारी हुआ यलो अलर्ट
मौसम विभाग ने खराब मौसम की आशंका को देखते हुए कई जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। इनमें बलौदाबाजार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, कोरबा, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, बेमेतरा, कबीरधाम, मुंगेली, सरगुजा, सूरजपुर और कोरिया शामिल हैं।
इन जिलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली गिरने, तेज हवाएं चलने और बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी है।
रायपुर में भी बदल सकता है मौसम
राजधानी रायपुर में बुधवार सुबह से बादलों की आवाजाही बनी हुई है। दिन के दौरान अंधड़ और हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। शहर का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
मानसून की आधिकारिक एंट्री से पहले छत्तीसगढ़ में मौसम का यह बदला हुआ रूप आने वाले दिनों में भी देखने को मिल सकता है। ऐसे में लोगों को गर्मी और बारिश, दोनों के लिए तैयार रहने की जरूरत है।
